एएनसी पंजीयन में कमी पर कलेक्टर नाराज, लापरवाह बीएमओ के वेतन रोकने के निर्देश

शेयर करें

कलेक्टर प्रतिभा पाल ने जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में की स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा

एएनसी पंजीयन व स्वास्थ्य लक्ष्यों में पिछड़ने वाले अधिकारियों पर कार्रवाई, निजी अस्पतालों का भी होगा निरीक्षण

ज्ञान गुण सागर/सागर ।कलेक्टर प्रतिभा पाल की अध्यक्षता में जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में मातृ स्वास्थ्य, एएनसी पंजीयन, हाई रिस्क प्रेग्नेंसी, एनीमिया प्रबंधन, अनमोल पोर्टल पर डाटा अपलोडिंग सहित स्वास्थ्य विभाग की विभिन्न गतिविधियों की विस्तृत समीक्षा की गई। इस अवसर पर जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी जगदीश कुमार गोमे, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. देवेश पटेरिया सहित सभी बीएमओ एवं स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी उपस्थित रहे।

कलेक्टर प्रतिभा पाल ने अप्रैल से सितंबर 2026 तक अनमोल 2.0 के माध्यम से हुए एएनसी पंजीयन की समीक्षा करते हुए अधिकारियों से लक्ष्य एवं उपलब्धि की जानकारी ली। लक्ष्य के अनुरूप एएनसी पंजीयन नहीं होने पर उन्होंने नाराजगी व्यक्त की और संबंधित अधिकारियों को लक्ष्य पूरा करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी अधिकारी एवं कर्मचारी फील्ड में जाकर गर्भवती महिलाओं से संपर्क करें तथा उन्हें एएनसी एवं शासकीय स्वास्थ्य सेवाओं के संबंध में जागरूक करें। उन्होंने  मैदानी स्तर से फीडबैक लेने के निर्देश भी दिए।

कलेक्टर ने अनमोल पोर्टल पर आवश्यक डाटा समय पर अपलोड नहीं होने पर भी नाराजगी व्यक्त की तथा निर्देश दिए कि जिस दिन स्वास्थ्य जाँच या अन्य संबंधित गतिविधि हो, उसी दिन उसका डाटा पोर्टल पर अपलोड किया जाए। डाटा में किसी भी प्रकार की कमी अथवा त्रुटि पाए जाने पर तत्काल सुधार करने के निर्देश दिए गए।

उन्होंने हाई रिस्क प्रेग्नेंसी (एचआरपी) की समीक्षा करते हुए शहरी क्षेत्र में एचआरपी की संख्या में कमी के कारणों की जानकारी ली तथा एचआरपी रजिस्टर नियमित रूप से अपडेट रखने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने एनीमिया प्रबंधन की भी समीक्षा की। सीवियर एनीमिया प्रबंधन का लक्ष्य प्राप्त नहीं होने पर संबंधित सीएचओ के सात दिवस के वेतन राजसात करने के निर्देश दिए।

कलेक्टर ने सभी बीएमओ को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने सेक्टरों में एएनसी सहित निर्धारित स्वास्थ्य सेवाओं के लक्ष्यों की नियमित समीक्षा करें। जिस सेक्टर की उपलब्धि 88 प्रतिशत (जिले के औसत)से कम पाई जाएगी, वहां संबंधित बीएमओ के सात दिवस का वेतन राजसात करने की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप शत-प्रतिशत उपलब्धि सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

कलेक्टर ने बीएमओ की उपस्थिति एवं कार्यों की भी समीक्षा की। बीना बीएमओ के अनुपस्थित रहने पर कारण बताओ नोटिस जारी करने एवं एक दिन का वेतन काटने के निर्देश दिए। केसली, राहतगढ़, मालथौन सहित अन्य ब्लॉक में भी कार्यों की समीक्षा कर कमियां दूर करने के निर्देश दिए गए। केसली, जैसीनगर एवं राहतगढ़ ब्लॉक में   लापरवाही / लक्ष्य अनुसार कार्य न होने पर  आगामी आदेश तक बीएमओ के वेतन रोकने के निर्देश भी दिए गए।

कलेक्टर ने सभी बीएमओ को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में स्वयं जाकर लोगों से सीधे संवाद करें तथा जनपद पंचायत एवं ग्राम पंचायत स्तर पर स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति जागरूकता बढ़ाएं। आशा कार्यकर्ताओं द्वारा पोर्टल पर जानकारी अपलोड करने तथा समग्र आईडी से संबंधित कमियों की भी समीक्षा की गई। उन्होंने कहा कि समग्र आईडी नहीं होने के कारण यदि हितग्राहियों को शासकीय योजनाओं का लाभ नहीं मिल पा रहा है, तो ऐसी समस्याओं का तत्काल आवश्यक कार्यवाही करते हुए निराकरण किया जाए।

उन्होंने निर्देश दिए कि सभी स्वास्थ्य अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में निजी अस्पतालों एवं नर्सिंग होम का नियमित निरीक्षण करें। सागर क्षेत्र में चिकित्सकों को स्वयं जाकर एएनसी पंजीयन सहित स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति देखने तथा आवश्यक कार्रवाई की रिपोर्ट सात दिवस में प्रस्तुत करने के निर्देश दिए गए। नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर संबंधित संस्थान के लाइसेंस के संबंध में नियमानुसार कार्रवाई करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि सभी अधिकारी अपने कार्यों एवं डाटा की नियमित समीक्षा करें। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।


शेयर करें

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!